आयुष्मान भारत- प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PMJAY), केंद्र सरकार की एक फ्लैगशिप स्कीम है. सरकार की इस महत्वकांशी योजना का मकसद देश के आर्थिक रुप से कमजोर वर्ग को स्वास्थ्य बीमा की सुविधा उपलब्ध कराना है. यह दुनिया का सबसे बड़ा सरकारी वित्तपोषित कार्यक्रम है और हेल्थकेयर सेक्टर में गर्वंमेंट की लंबी छलांग को परिभाषित करती है. इस योजना के तहत भारत के वंचित परिवार को 5 लाख रुपये का सालाना बीमा उपलब्ध कराने का प्रावधान है. केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के तहत राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण, आयुष्मान भारत योजना लागू कर रहा है.
क्यों योजना की पड़ी जरुरत?
अक्सर देखा जाता है कि भारत में गरीब और निम्न मध्यम वर्ग के लोग जब बीमार पड़ जाते हैं. तो पैसे की कमी की वजह से उन्हें उचित ईलाज नहीं मिल पाता है. एक परिवार का मुखिया (जो अकेले कमाने वाला हो) अगर बीमार होता है तो एक व्यक्ति ही नहीं पूरा परिवार ही बीमार हो जाता है. बीमारी से जूझ रहा परिवार कर्ज से पैसे ले आता है. जिसकी वजह से वो कर्ज के जाल में फंस जाता है. कई बार तो बीमार व्यक्ति की मौत तक हो जाती है.
मोदी सरकार ने गरीबों की इस पीढ़ा को समझते हुए हेल्थकेयर की दिशा में एक होलिस्टीक अप्रोच के साथ कदम उठाया है और पात्र परिवारों को 5 लाख रुपये का बीमा उपलब्ध कराया है.
इस दिन हुई थी योजना की शुरुआत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 23 सितंबर 2018 को झारखंड की राजधानी रांची से आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना की शुरुआत की थी. यह स्वास्थ्य योजना भारत के 50 करोड़ वंचित नागरिकों को कवर करती है. इस योजना के जरिए समाज के वंचित लोगों को सेकेंडरी और टर्शरी लेवल पर देखभाल अस्पाल में भर्ती के लिए 5 लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा प्रतिवर्ष कवर करने की सुविधा प्रदान करती है. पीएमजेएवाई लाभार्थी को सरकारी और प्राईवेट अस्पतालों में कैशलेस सुविधा उपलब्ध कराती है.
70 वर्ष से ऊपर से सीनियर सिटिजन भी योजना में शामिल
इस योजना में केंद्र की मोदी सरकार ने अपने तीसरे कार्यकाल में 70 साल से ऊपर से बुजुर्गों को भी शामिल कर लिया है. उन्हें सालाना 5 लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा उपलब्ध कराया जाएगा.
जन आरोग्य मंदिर
इसी योजना के अंतर्गत प्राथमिक स्वास्थ्य के निदान के लिए जन आरोग्य केंद्र का कंसेप्ट सरकार लेकर आई है. इन जन आरोग्य मंदिर का उद्देश्य प्राइमरी लेवल पर बीमारियों का निदान करना है. वहीं यह केंद्र एक बड़े अस्पताल से लिंक होते हैं. बड़ी बीमारी होने पर फॉलोअप के जरिए मरीज को बड़े अस्पताल रेफर किया जाता है.
ABHA कार्ड
आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट यानि आभा, यह एक तरह से मरीज से हेल्थ रिकॉर्ड को संरक्षित रखता है. इस कार्ड में मरीज की पूरी हेल्थ रिकॉर्ड को डेटा शामिल होता है. वहीं इस कार्ड के जरिए कई अस्पतालों में ऑनलाइन अपॉइंटमेंट की सुविधा भी जारी की गई है. आप आभा नंबर के माध्यम से अपने डॉक्टर का ऑनलाइन अपॉइंटमेंट लेकर ले सकते हैं. यह ओपीडी की लंबी कतार से आपको मुक्ति दिलाता है. इतना ही नहीं भविष्य में टेली मेडिसिन अपनाने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित हो सकता है.
प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र
प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र का पूरे देश में विस्तार हो रहा है. इस मेडिकल स्टोर पर जैनरिक दवाएं काफी सस्ते दामों पर मिलती है. इन केंद्रो की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है. पीएम जन औषधि केंद्र के जरिए लोगों को रोजगार भी उपलब्ध हो रहा है.
आयुष्मान भारत योजना से बढ़ेगा रोजगार
आयुष्मान भारत योजना, पश्चिम बंगाल को छोड़कर पूरे देश में लागू है. इस योजना के जरिए लोग पैनल अस्पताल में इलाज के लिए जाते हैं. इससे छोटे शहरों में नए और अच्छे अस्पताल बनने की संभवानाएं बढ़ गई है. जो लोग हेल्थकेयर सेक्टर में काम करना चाहते हैं. उनके लिए रोजगार के अवसर इस योजना के जरिए बढ़ रहे हैं.
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