सत्येंद्र जैन को जमानत मिलने के बाद AAP में खुशी का माहौल, जानिए कोर्ट ने कौन-कौन सी लगाई शर्तें?

नई दिल्ली: दिल्ली के राऊज एवेन्यू कोर्ट के स्पेशल जज विशाल गोगने ने शुक्रवार को मनी लांड्रिंग मामले में दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन को नियमित जमानत दे दी है. कोर्ट ने 50 हजार रूपये के निजी मुचलके पर सत्येंद्र जैन को जमानत को जमानत दी है. साथ ही कुछ शर्तें भी लगाई हैं. जमानत मिलने के बाद सत्येंद्र जैन ने कहा- सत्यमेव जयते.
कोर्ट ने लगाई तीन शर्तें
1. सत्येंद्र जैन मामले से जुड़े किसी भी गवाह या व्यक्ति से संपर्क नहीं कर सकेंगे.
2. वह किसी भी तरह से मुकदमे को प्रभावित नहीं करेंगे.
3. अदालत की पूर्व अनुमति के बिना देश से बाहर जाने पर रोक
मनी लांड्रिंग मामले में उनकी जमानत की मांग की यह दूसरी याचिका थी, जिस पर सत्येंद्र जैन को जमानत मिली. पहली जमानत याचिका खारिज कर दी गई थी। सत्येंद्र जैन को जमानत मिलने का आदेश सुनने के बाद कोर्ट में मौजूद उनकी पत्नी पूनम जैन रो पड़ीं. कोर्ट ने कहा कि सत्येंद्र जैन लंबे समय से जेल में हैं और इस मामले में जल्द ट्रायल शुरू होने की संभावना नहीं है, ऐसे में वो जमानत के हकदार है. कोर्ट ने अपना फैसला सुनाते हुए व्यक्तिगत स्वतंत्रता के महत्व पर भी जोर दिया.
सत्येंद्र जैन की बेटी ने कहा- इस साल जल्दी आ गई दीवाली
मनी लॉन्ड्रिंग मामले में राउज एवेन्यू कोर्ट से जमानत मिलने के बाद देर सबेर दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन के परिवार के लोगों के साथ आम आदमी पार्टी (आआपा) के नेताओं ने भी खुशी जताई है. सत्येंद्र जैन की बेटी श्रेया जैन ने मीडिया में अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि, “हमें हमेशा से पता था कि ऐसा होगा, यह बस समय की बात है. हम बहुत खुश हैं कि अदालत ने हमें न्याय दिया है. दीवाली आने वाली है, लेकिन मुझे लगता है कि इस साल यह हमारे लिए जल्दी आ गई.’ इसके पहले सत्येंद्र जैन की पत्नी पूनम ने कहा “यह हमारे लिए मुश्किल समय था, हमने बहुत लंबे समय तक इंतज़ार किया.”
सत्येंद्र जैन को जमानत मिलने पर AAP नेताओं ने जताई खुशी
आम आदमी पार्टी के नेताओं ने भी मीडिया में अपनी प्रतिक्रिया जाहिर की है। राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने कहा, “यह हमारे नेताओं और कार्यकर्ताओं के लिए यह अच्छी और बड़ी खबर है. वह (सत्येंद्र जैन) ऐसे व्यक्ति हैं जिन्होंने दिल्ली को मोहल्ला क्लीनिक, मुफ्त दवा और विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं का मॉडल दिया. 873 दिन उन्हें जेल में रखा गया और उनका 36 किलो वजन कम हुआ. मैं सत्येंद्र जैन के जज्बे को सलाम करता हूं.”
दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि मुझे खुशी है कि हमारी पार्टी के वरिष्ठ नेता सत्येंद्र जैन को जमानत मिल गई है. सत्येंद्र जैन को जेल भेजे जाने से दिल्ली के अस्पतालों और मोहल्ला क्लीनिकों में विकास कार्य ठप हो गए थे. उन्होंने आगे कहा कि भाजपा ने उन्हें, सत्येंद्र जैन और अरविंद केजरीवाल को जेल भेजा, लेकिन उन्हें हमारे यहां से एक पैसा भी नहीं मिला. हमारे खिलाफ झूठे आरोप लगाए और उनके प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने उन आरोपों के आधार पर हमें जेल में डाल दिया गया.”
आप दिल्ली के संयोजक गोपाल राय ने कहा, “यह दिल्ली के लोगों के लिए अच्छी खबर है. मैं कोर्ट का धन्यवाद करता हूं कि आज उन्होंने बड़ा फैसला दिया है. भाजपा सरकार ने हमारे नेताओं को जेल में डालने की हरसंभव कोशिश की और आज सभी नेता जेल से बाहर हैं. सत्येंद्र जैन को जमानत मिलने के बाद हम और भी मजबूत हो गए हैं.” कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने भी प्रतिक्रिया व्यक्त की है. उन्होंने मीडिया में एक जारी बयान में कहा, ‘‘सत्येन्द्र जैन इतने दिनों से जेल में रहे. कोर्ट को इस बात का भी जवाब देना चाहिए कि कैसे लोगों को इस तरह से लोगो को लंबे दिनों तक जेल में रखा जाता है. मेरा मानना है कि कोर्ट को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि न्याय होता हुआ भी दिखना चाहिए.”
उल्लेखनीय है कि सत्येंद्र जैन को ईडी ने 30 मई, 2022 को उनसे कथित तौर पर जुड़ी चार कंपनियों के ज़रिए धन शोधन के आरोप में गिरफ़्तार किया था.
सत्येंद्र जैन पर क्या हैं आरोप?
जैन पर आरोप है कि उन्होंने 2009-10 और 2010-11 में फर्जी कंपनियां बनाई. इन कंपनियों में अकिंचन डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड, इंडो मेटल इम्पेक्स प्राइवेट लिमिटेड, प्रयास इंफो सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड, मंगलायतन प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड हैं. इस मामले में ईडी ने सत्येंद्र जैन के अलावा उनकी पत्नी पूनम जैन, अजीत प्रसाद जैन, सुनील कुमार जैन, वैभव जैन, अंकुश जैन, मेसर्स अकिंचन डेवलपर्स प्राईवेट लिमिटेड, मेसर्स प्रयास इंफो सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड, मंगलायतन प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड और जेजे आइडियल इस्टेट प्राइवेट लिमिटेड को आरोपित बनाया है. ईडी ने सत्येंद्र जैन को 30 मई, 2022 में गिरफ्तार किया था. हिन्दुस्थान समाचार
ये भी पढ़ें- स्वच्छता, शुद्ध हवा के बाद अब स्वच्छ पानी में राष्ट्रीय स्तर पर चमका सूरत, शहर को मिला ‘नेशनल वाटर अवार्ड’
ये भी पढ़ें- बिहार में जहरीली शराब पीने से अब तक 47 मौतें, हिरासत में लिए गए 450 लोग











